आधी रात को नींद खराब होने पर साढ़े आठ साल के बच्चे ने डेढ़ साल के मासूम की हत्या कर दी..

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दिल्ली में 26 अप्रैल की रात एक घटना हुई, जिसने सुबह एक बार थम कर सोचने को मजबूर कर दिया. दिल्ली के फ़तेहपुर बेरी इलाके में एक आठ साल के एक बच्चे ने डेढ़ साल के मासूम बच्चे को अगवा कर मार डाला.

पूरा मामला कुछ यूं है : 

दिल्ली के फ़तेहपुर बेरी थाना इलाके में एक आठ साल के एक बच्चे ने डेढ़ साल के मासूम की हत्या दी. डेढ़ का वो बच्चा अपनी माँ और बड़ी बहन के साथ छत पर सो रहा था. तभी सुबह तड़के पड़ोस में रहने वाले आठ साल के (आरोपी) बच्चे ने डेढ़ साल के इस मासूम को उठा लिया और घर के पास बनी नाली में डुबो कर मार दिया. इस बात का पता तब चला जब सुबह बच्चे की माँ उठी और उसने बगल में बच्चे को गायब पाया. खोजबीन करने के बाद परिवार वालों को मासूम की लाश मिली. घटना की जानकारी पुलिस को दी गई, तब जाकर बच्चे की हत्या का खुलासा हुआ.

अब सोचने वाली बात ये है कि आखिर इतनी छोटी-सी उम्र में कोई बच्चा कैसे किसी की हत्या की मानसिकता से पीड़ित हो सकता है? फिलहाल पुलिस इस आठ साल के आरोपी बच्चे की मानसिक स्थिति की भी जांच करा रही है। ताकि, इस हत्या की मानसिक वज़ह का भी पता चल सके।

पुलिस ने बच्चे की काउंसलिंग की तब जाकर उसने साफ-साफ इस खून करने की बात कुबूली। लेकिन, उसने पुलिस के साथ इस घटना को अंजाम देने की एक और वज़ह बताई। जिसमें बच्चे के बदला लेने जैसी बात सामने आई है, आरोपी बच्चे ने बताया कि कुछ दिनों पहले मारे जाने वाले बच्चे की बड़ी बहन ने आरोपी के छोटे भाई को ज़मीन पर गिरा दिया था. जिससे उसे चोट आ गई थी. इस बात को लेकर दोनों परिवारों मे झगड़ा भी हुआ था. बच्चे के दिमाग में ये बात बैठ गई थी. जिसके चलते 26 अप्रैल की रात जब डेढ़ साल का मासूम रो पड़ा तो आरोपी को अचानक बहुत गुस्सा आ गया और छोटे भाई को चोट पहुंचने का गुस्सा पहले से ही था, इसलिए आरोपी ने घर के पास वाले नाले मे डुबो कर उसे मार डाला.

फिलहाल, पुलिस ने घटना को देखते हुए हत्या और किडनैपिंग का केस दर्ज कर लिया हैं. अभी आरोपी अपने परिवार के साथ ही हैं क्योंकि आरोपी की उम्र को देखते हुए पुलिस को यकीन नहीं आ रहा, कि इतनी छोटी सी उम्र मे कैसे कोई बच्चा दूसरे बच्चे की जान ले सकता हैं. फिलहाल आरोपी पर कोई कार्यवाही नहीं की गई है लेकिन पुलिस कानून के एक्स्पर्ट्स से राय ले रही है.

सबसे महत्वपूर्ण बात :

आख़िर इतनी कम उम्र मे इस बच्चे ने कहां से ये सब सीखा? इसके दिमाग मे बदला लेने का गुस्सा इस हद तक कैसे आया, कि किसी मासूम की हत्या तक कर दी? ये किडनैप करना और नाले मे डुबो कर मार डालना, ये तरीका और आइडिया इसके दिमाग में कहां से आया? ये सभी वो सवाल है, मौजूदा सामाजिक परिवेश पर सवाल खड़े करता है.

क्या ये टीवी देखने का नतीजा हैं या मोबाइल पर अलग-अलग तरह की वीडियो देखने का परिणाम हैं. क्या टीवी पर सच्ची घटना और स्क्रिप्टिंग किए गए सावधान इंडिया और क्राइम पेट्रोल जैसे शो देखने से इस बच्चे को यह आइडिया आया? सोचना तो पड़ेगा, क्योंकि अगर वक़्त रहते नहीं सोचा तो यह मानसिकता आपके बच्चे और परिवार को एक अलग रूप दे सकती हैं। जो अपने शायद कभी न सोचा हो!

ये ख़बर अशरफ़ अली ने लिखी है, अशरफ़ द कच्चा चिट्ठा के साथ इंटर्नशिप कर रहे हैं.