देश में जिस तरह का हाल स्वस्थ्य विभाग का है उससे तो आप सभी वाकिफ होंगे ही। चाहे पिछले साल गोरखपुर की हाल देख लीजिए या फिर मुज्जफ्फरपुर इससे अछूता नहीं रहा। और हाल ही जिस तरह की हालात असम में बनती दिख रही है, ऐसा लगता है जैसे भारत में चिकित्सा के नाम पर कुछ नहीं हो रहा है। मुज्जफ्फरपुर में जिस तरह से मासूम बच्चों की जान गई उसपर कई सारे सवाल उठे।

बहुत लोगों ने इस घटना को आरक्षण से जोड़ कर देखा। तो वही कुछ लोगों ने सरकार के स्वस्थ्य विभाग के प्रति लचर स्थिति को कसूरवार ठहराया। शायद इन्हीं सब से सीख लेकर असम सरकार ने स्वस्थ्य को लेकर जो काम किया है उसकी तारीफ तो बनती है। लेकिन झारखंड में स्वस्थ्य मंत्री एक वायरल वीडियो के चक्कर में फंसते हुए नज़र आ रहे हैं।

क्या है पूरा मामला?

झारखंड के स्वस्थ्य मंत्री हैं रामचंद्र चंद्रवंशी। इनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जिसमें उनके बारे में रिश्वत लेने की बात कही जा रही है। यह वीडियो गढ़वा के आदर पंचायत में चबूतरा निर्माण को लेकर बताई जा रही है। इस वीडियो में मंत्री जी के हाथ में कुछ पैसा है जिसे वह ग्रामीणों को देते हुए दिखाई दे रहे हैं और बाकि बचे पैसे को अपने जेब में रखते हुए देखे जा रहे हैं।

ऐसा अनुमान लगाया जा रहा है कि मंत्री जी के पास कुल 50,000 रुपये थे जिसमें से 35 हज़ार रुपये उन्होंने एक वृद्ध व्यक्ति को दिया। और बाकि बचे 15 हज़ार रुपए अपने जेब में रखकर चलने की इशारा कर देते हैं। इस वीडियो के वायरल होते ही सोशल मीडिया पर लोगों ने काफी आलोचना करनी शुरु कर दी है।

क्या कहा वीडियो बनाने वाले ने?

वीडियो जब वायरल होने लगा तो मंत्री जी ने इसकी शिकायत पुलिस में की। FIR दर्ज होने के बाद बरडिहा पुलिस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया। राहुल ठाकुर नाम के गिरफ्तार इस व्यक्ति ने ही वीडियो बनाकर वायरल किया है। पुलिस ने जब पुछताछ की तो राहुल ने बताया कि वह मंत्री जी के कार्यक्रम का वीडियो बनाकर केवल बरडिहा ग्रुप में डाला है। इसके आलावा कुछ भी लिखने से इंकार कर दिया।

जो वीडियो वायरल हो रहा है उस वीडियो का स्क्रिनशॉट, फोटो सोर्स: गूगल

जो वीडियो वायरल हो रहा है उस वीडियो का स्क्रिनशॉट, फोटो सोर्स: गूगल

फिलहाल पुलिस राहुल का मोबाइल जब्त कर उसकी जांच कर रही है। दूसरी तरफ मंत्री के प्रतिनिधि दिवाकर दूबे उर्फ चंचल दूबे ने गढ़वा एसपी को आवेदन दिया है। इस आवेदन में उन्होंने पुलिस से कहा कि सोशल मीडिया पर इस तरह की वीडियो डालकर लोगों को गुमराह करनेवाले राहुल ठाकुर पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

मेरी छवी खराब करने की साजीश-चंद्रवंशी

इस पूरी घटना के बाद स्वस्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी खासे नराज हैं। मंत्री जी ने इसके लिए बकायदा पत्रकार वार्ता बुलाया और कहा कि यह सारी घटना केवल उनकी छवी खराब करने की साजीश है। चंद्रवंशी ने कहा कि 11 जुलाई को विभिन्न विकास योजनाओं का शिलान्यास करने आदर गांव गया था। शिलान्यास के बाद ग्रामीणों ने चबूतरा निर्माण करवाने की मांग की। ग्रामीणों की मांग को देखते हुए मैंने ग्रामीण सीताराम रजवार को चबूतरा निर्माण के लिए 15 हजार रुपये नगद दिए तथा चंदा से चबूतरा निर्माण करवाने का आश्वासन दिया।

झारखंड के स्वस्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी, फोटो सोर्स: गूगल

झारखंड के स्वस्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी, फोटो सोर्स: गूगल

चूंकि ग्रामीणों ने बताया था कि चबूतरा निर्माण में 50 हजार रुपये खर्च होगा। इसलिए शेष 35 हजार रुपये चंदा के माध्यम से दिलाने की बात कही थी। मगर कुछ लोगों द्वारा साजिश के तहत इसका वीडियो बना लिया गया तथा पैसा देने की बजाय रिश्वत लेने की बात को सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।

मंत्री जी का कहना है कि जिस समय यह वीडियो बनाई जा रही थी उस वक्त वहां प्रशासन के आलावा दो हज़ार लोग मौजूद थे। ऐसे में क्या कोई रिश्वत ले सकता है?

पुलिस इस मामले की छानबीन करने में जुट गई है। अब मामला चाहे जो कुछ भी हो। इस पूरी घटना ने थोड़ी देर के लिए ही सही लेकिन झारखंड के स्वस्थ्य मंत्री की छवी को धूमिल करने  में कोई कसर नहीं छोड़ी है। पुलिस ने जिस सख्श को गिरफ्तार किया है उससे पुछताछ चल रही है। अभी तक इसके पीछे की वज़ह का पता नहीं चल पाया है।