पाकिस्तान, अब यह नाम शायद रोज सुनने वाला शब्द बन चुका है और वहां के पीएम इमरान खान का मजाक तो पूरा देश उड़ा रहा है। चाहे वो कश्मीर मुद्दे पर बात करने के लिए हो या फिर पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था को लेकर सहायता करने का हो। ऐसा लग रहा है कि अब तो पाकिस्तानी मीडिया भी अपने पीएम का साथ छोड़ती हुई नज़र आ रही है। ऐसे में पीएम करें तो क्या करें। इन सब के बाद पीएम इमरान खान ने एक नई तरकीब सोची है ताकि मीडिया उनको नोटिस करे।

इमरान खान अब सीधे तौर पर भारत को धमकी देते हुए नज़र आ रहे हैं। हाल ही में उन्होंने जिस तरह से भारत को धमकाया है उससे एक बार वो फिर से वो सुर्खियों में हैं। पाकिस्तानी फौज अब बिल्कुल तैयार है। हम ईंट का जवाब पत्थर से देंगे। मुझे यकीन है कि ये आजाद कश्मीर में कुछ न कुछ करेंगे जैसे पुलवामा हमले के बाद बालाकोट में किया गया था। मै भारत के पीएम नरेन्द्र मोदी को खुले तौर पर चुनौती दे रहा हूं कि अगर आजाद कश्मीर में कुछ भी किया तो हमारी फौज पूरी तरह से तैयार बैठी है। मैंने पूरी दुनिया को बताया कि कश्मीर में क्या हो रहा है?

इमरान खान, फोटो सोर्स: गूगल

इमरान खान, फोटो सोर्स: गूगल

इमरान खान का यह बयान इस्लामाबाद के कांस्टीट्यूशन एवेन्यू में आयोजित ‘कश्मीर आवर’ नामक कार्यक्रम में दिया गया। यह कार्यक्रम कश्मीरियों के साथ एकजुटता दिखाने के लिए किया गया था। पाकिस्तानी पीएम को शायद अपने न्यूक्लियर बम पर कुछ ज्यादा ही गुमान है तभी तो अपने बयान में उन्होंने साफ तौर कहा कि पूरी दुनिया देखेगी कि जब न्यूक्लियर संपन्न देश के सामने भारत खड़ा होता है तो क्या हालत उत्पन्न होती है। इससे केवल भारत को ही नहीं बल्कि पूरे विश्व को नुकसान होने वाला है।

पाकिस्तानी फ़ौज के इमरान खान, फोटो सोर्स: गूगल

पाकिस्तानी फ़ौज के इमरान खान, फोटो सोर्स: गूगल

अब इसे इमरान की धमकी कहना ज्यादा सही होगा कि गीदड़ भभकी, यह तो वक्त बताएगा लेकिन, जिस तरह से इमरान खान बयान देते आ रहे हैं और उससे पाकिस्तान को जो नुकसान हो रहा है वह फिलहाल सामने आ रहा है। पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से डामाडोल है। एक रिपोर्ट की मानें तो पीएम सचिवालय का बिजली बिल 35 लाख रुपये प्रति महीना होता है, जो पिछले 2 महीनों से भरा नहीं गया है। ऐसे में अब सचिवालय में बिजली का कनेक्शन काटने तक की नौबत आ गई है।

इन सब चीजों को देखते हुए तो यही लग रहा है कि इमरान खान का यह बयान धमकी कम गीदड़ भभकी ज्यादा है। लेकिन, सोचने वाली बात यह भी है कि कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने से अगर किसी को कुछ ज्यादा तकलीफ हुई है तो वो पाकिस्तान ही है। इसके लिए उसने अपनी एड़ी-चोटी एक कर पूरे देश से इस मसले पर बात करने की कोशिश कर चुका है लेकिन, किसी ने उसकी मदद नहीं की। यहां तक कि उसका सबसे चहेता पड़ोसी देश चीन ने भी मेन मौके पर अपने कदम खींच लिए। अब ऐसे में इमरान खान के पास पाकिस्तानी आवाम का मन जीतने के लिए बयान के आलावा कुछ नहीं बचा है।